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Jan 13, 2023

लाल घाट

कुछ चित्रों के गुम होने का अफसोस होता है। लाल घाट (जो गाय घाट और बूँदी परकोटा घाट के बीच है) के किनारे दोनों तरफ ऐसी मूर्तियाँ बनी थीं। एक तरफ सिपाही की, दूसरी तरफ रानी की। इसके पीछे कोई कहानी होगी, शायद कभी पता चले लेकिन आज ये दोनों मूर्तियाँ टूट चुकी हैं, गायब हैं। पग चिन्ह की तरह घाट किनारे दोनो के हल्के से निशान भर हैं। बाढ़ में टूट गई होंगी लेकिन मैने दोनो की तस्वीरें खींची थीं, एक मिली एक गुम है। फेसबुक मेमोरी में शायद कभी दिखे। मैं पोस्ट करके भूल जाता हूँ। अब जब मूर्ति टूट गई तो उसकी बहुत याद आ रही है।


लाल घाट के बगल में गोपी गोविंद घाट का यह शिलालेख है, अब सब लाल घाट में ही बोला जाता है।